* औडी
मोड के नेहरु चौक पर कैण्डल जलाकर, नारे लगा छात्रो व
सामाजिक कार्यकर्ताओ ने जताया मोदी सरकार के छात्रो के प्रति तानाशाही रवैये के
खिलाफ विरोध।
:- दिल्ली
मे नागरिकता संशोधन कानुन व राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर का विरोध कर रहे जामिला
मिलीया इस्लामिया युनिवर्सिटी के छात्रो पर दिल्ली पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किये
जाने व युनिवर्सिटी कैम्पस के अन्दर घुस कर पुलिस द्वारा किये गये बर्बरता व
अत्याचार के विरुध्द एनएसयुआई जिला महासचिव अंकुश दुबे के अगुवाई मे छात्रो व
सामाजिक कार्यकर्ताओ ने औडी मोड के नेहरु प्रतिमा के समक्ष कैण्डल जलाकर व नारे
बाजी कर दिल्ली पुलिस व मोदी सरकार के विरुध्द आक्रोश जताया। एनएसयुआई जिला
महासचिव अंकुश दुबे ने कहा कि छात्रो के साथ की गयी बर्बरता सरकार की तानाशाही व
छात्रो के प्रति दोयम दर्जे का व्यवहार दर्शाता है तथा इन कानुनो पर विवाद का कारण
है कि जनमत संग्रहण किये बगैर यह कानुन देश पर थोपे गये है। कांग्रेस नेता पंकज
मिश्रा, बसपा नेता देवीशरण भारती, सामाजिक
कार्यकर्ता आशीष मिश्रा बागी ने कहा कि लोकतंत्र मे हिंसा के लिये कोई स्थान नही
है चाहे व कोई करे और किसी भी समस्या का हल संवाद के जरिये निकाला जा सकता है पर
इस तरह से लाठी और गोली के दम पर समस्या खत्म होने के बजाय और बढेगी। प्रदर्शन मे
सामाजिक कार्यकर्ता ओम प्रकाश, अश्विनी भारती, सद्दाम आदि ने भी कहा कि सरकार आन्दोलकारियो से संवाद कर हल निकाले और
आन्दोलनकारी छात्र भी संयमित तथा संवैधानिक तरीके से प्रदर्शन करे। इस दरम्यान
रविनन्दन, फरीद, रविन्द्र, आदि दर्जनो छात्र व नागरिक मौजुद रहे।










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